मैं खुश हूं, जहां पर मैं हूं |मैं खुश हूं, जो मेरे पास है |मैं खुश हूं, जो मेरे साथ है |मैं खुश हूं, जो मैं खुद को समझ पा रहा हूं |मैं खुश हूं, जो मैं खुद को बेहतर कर पा रहा हूं |मैं खुश हूं, जो मैं इस भाव को एहसास कर पा … Continue reading I am Happy
Sabarmati Ashram
पिछले हफ्ते अहमदाबाद एक निजी कार्य से जाना हुआ। काम खत्म करने के बाद, और परिजनों के लिए मिठाइयाँ खरीदने के बाद, मेरी जोधपुर की ट्रेन में अभी तीन घंटे थे। सोचने लगा कि इस समय का कैसे उपयोग करूँ। तभी नज़र महात्मा गांधी साबरमती आश्रम पर पड़ी, और मैंने वहाँ जाने का निर्णय लिया। … Continue reading Sabarmati Ashram
Caste Breakup
अगर आपको कोई इंसान पसंद है,तोह उसकी जाति मत पूछना |अगर आपको कोई इंसान पसंद नहीं है,तोह उसकी जाति को दोष मत देना |कालांतर में जातियां बना दी,कुछ लोगों ने अपनी सहूलियतों के लिए |उन सहूलियतों को आज के समय मेंपत्थर की लकीर मत समझ लेना |
Soft Power of Consistency
इन दिनों एक पॉडकास्ट सुना जिसमे कुमार बिरला सर ने पॉडकास्ट के एकदम अंत में सॉफ्ट पावर ऑफ़ कंसिस्टेंसी (स्थिरता) का जिक्र किया। उन्होंने इसके ऊपर कुछ २० सेकंड बात करी और इसके महत्व को समझने के लिए कहा।बस उसके बाद ही मैं लग गया, सॉफ्ट पावर ऑफ़ कंसिस्टेंसी (स्थिरता) को समझने में।अब कंसिस्टेंसी (स्थिरता) … Continue reading Soft Power of Consistency
2024: A Book Year
ये है मेरी 2024 की किताबें। इस साल का थीम बहुत स्पष्ट था, मुझे आत्मकथाएं पढ़नी थी।सफल लोगों के संघर्षों और शुरुआती दिनों को जानना था।उनके जीवन के प्रति दृष्टीकोण को समझना था।फिर कुछ ऐसे विषयों को भी पढ़ा जिनके प्रति मेरी जिज्ञासा थी।कुछ समझ में आया और कुछ उप्पर से चला गया। 😅 बस … Continue reading 2024: A Book Year
Guilty Feel
गिल्टी फ़ील करना एक बेहद खतरनाक मानसिक स्थिति हो सकती है।अगर आपने कुछ गलत किया है और इसे किसी के साथ साझा नहीं कर पा रहे हैं, तो यह गिल्टी फीलिंग आपके शरीर के लिए जहर जैसा काम करती है।गूगल के अनुसार, गिल्टी शब्द के अन्य हिंदी अर्थ हैं: दोषी, अपराधी, मुजरिम, कसूरवार।इसका मतलब यह … Continue reading Guilty Feel
सेवा या स्वार्थ
भाव अगर सेवा का होतोह धर्म से बड़ा कोई माध्यम नहीं।भाव अगर स्वार्थ का होतोह धर्म से बड़ा कोई हथ्यार नहीं।
Attention
इंटरनेट की इस दुनियाँ में तमाम कम्पनियाँ,हमारा Attention पाने के लिए इतना खर्चा कर रही हैपर फिर भी हम लोग क्यों,अपने Attention की अहमियत और कीमत समझ नहीं पा रहे हैं?
My Favorite Poem
इस कविता ने मेरा उत्साह बढ़ाया है।इस कविता ने मुझे परोपकार सिखाया है।इस कविता ने मुझे स्थिरता का मोल बताया है।इस कविता ने मुझे मूल्यों के साथ संघर्ष करने का मार्ग दिखाया है।
A Letter to My 18-year Old Self
प्रिय 18 वर्षीय लक्ष्य ,हाँ जी, हाल ही में तुम 18 साल के हो गए हो और बहुत जल्द तुम कॉलेज जाने वाले हो। अब क्यूंकि मैं तुम्हे अच्छे से जानता हूँ और मुझे पता है की तुम्हे अच्छे लोगों से अच्छी बातें सुनना और समझना बहुत पसंद है, इसलिए ये पत्र लिख रहा हूँ। … Continue reading A Letter to My 18-year Old Self
